Short Questions
1. विलयन किसे कहते हैं?
उत्तर: दो या दो से अधिक पदार्थों के समरूप मिश्रण को विलयन कहते हैं।
2. विलेय किसे कहते हैं?
उत्तर: जो पदार्थ विलायक में घुलता है उसे विलेय कहते हैं।
3. विलायक किसे कहते हैं?
उत्तर: जो पदार्थ विलेय को घोलता है उसे विलायक कहते हैं।
4. समरूप मिश्रण क्या होता है?
उत्तर: जिसमें घटक समान रूप से वितरित हों, वह समरूप मिश्रण होता है।
5. विषमरूप मिश्रण क्या होता है?
उत्तर: जिसमें घटक समान रूप से वितरित न हों, वह विषमरूप मिश्रण होता है।
6. संतृप्त विलयन क्या है?
उत्तर: जिसमें निश्चित तापमान पर अधिक विलेय नहीं घुल सकता, वह संतृप्त विलयन है।
7. असंतृप्त विलयन क्या है?
उत्तर: जिसमें निश्चित तापमान पर और अधिक विलेय घुल सकता है, वह असंतृप्त विलयन है।
8. विलेयता किसे कहते हैं?
उत्तर: किसी निश्चित तापमान पर 100 mL विलायक में घुलने वाली विलेय की अधिकतम मात्रा विलेयता कहलाती है।
9. सांद्र विलयन क्या होता है?
उत्तर: जिसमें विलेय की मात्रा अधिक हो, वह सांद्र विलयन होता है।
10. तनु विलयन क्या होता है?
उत्तर: जिसमें विलेय की मात्रा कम हो, वह तनु विलयन होता है।
11. घनत्व का सूत्र क्या है?
उत्तर: घनत्व = द्रव्यमान / आयतन।
12. घनत्व का SI मात्रक क्या है?
उत्तर: घनत्व का SI मात्रक किलोग्राम प्रति घन मीटर (kg/m³) है।
13. द्रव्यमान किसे कहते हैं?
उत्तर: किसी वस्तु में उपस्थित पदार्थ की मात्रा को द्रव्यमान कहते हैं।
14.आयतन किसे कहते हैं?
उत्तर: किसी वस्तु द्वारा घेरे गए स्थान को आयतन कहते हैं।
15. बर्फ जल पर क्यों तैरती है?
उत्तर: बर्फ का घनत्व जल से कम होता है, इसलिए वह तैरती है।
Long Questions
1. विलयन, विलेय और विलायक में क्या अंतर है?
उत्तर: विलयन एक समरूप मिश्रण होता है जिसमें दो या दो से अधिक पदार्थ समान रूप से मिल जाते हैं। जो पदार्थ कम मात्रा में होकर घुलता है उसे विलेय कहते हैं तथा जो पदार्थ अधिक मात्रा में होकर घोलता है उसे विलायक कहते हैं। उदाहरण के लिए जब नमक जल में घुलता है तो नमक विलेय, जल विलायक और प्राप्त मिश्रण विलयन कहलाता है।
2. संतृप्त और असंतृप्त विलयन में क्या अंतर है?
उत्तर: संतृप्त विलयन वह होता है जिसमें किसी निश्चित तापमान पर विलेय की अधिकतम मात्रा घुल चुकी होती है और उसमें और अधिक विलेय नहीं घुल सकता। इसके विपरीत असंतृप्त विलयन में अभी और विलेय घुल सकता है। जब हम जल में नमक मिलाते जाते हैं और एक समय बाद नमक नीचे बैठने लगता है, तब वह संतृप्त विलयन बन जाता है।
3. तापमान का ठोस पदार्थों की विलेयता पर क्या प्रभाव पड़ता है?
उत्तर: अधिकांश ठोस पदार्थों की विलेयता तापमान बढ़ने पर बढ़ जाती है। गरम जल में ठोस पदार्थ अधिक मात्रा में घुलते हैं क्योंकि तापमान बढ़ने से कणों की गति बढ़ती है और वे तेजी से मिलते हैं। इसी कारण चीनी गरम चाय में ठंडे जल की अपेक्षा जल्दी और अधिक मात्रा में घुल जाती है।
4. गैसों की विलेयता तापमान से कैसे प्रभावित होती है?
उत्तर: गैसों की विलेयता तापमान बढ़ने पर सामान्यतः घट जाती है। ठंडे जल में गैसें अधिक मात्रा में घुल सकती हैं जबकि गरम जल में उनकी घुलनशीलता कम हो जाती है। यही कारण है कि ठंडे जल में जलीय जीवों के लिए पर्याप्त ऑक्सीजन उपलब्ध रहती है।
5. घनत्व क्या है और यह तैरने-डूबने को कैसे प्रभावित करता है?
उत्तर: किसी पदार्थ के प्रति इकाई आयतन में उपस्थित द्रव्यमान को घनत्व कहते हैं। यदि किसी वस्तु का घनत्व द्रव के घनत्व से कम होता है तो वह तैरती है और यदि अधिक होता है तो वह डूब जाती है। उदाहरण के लिए बर्फ का घनत्व जल से कम होता है इसलिए वह जल पर तैरती है।
6. अनियमित आकार की वस्तु का आयतन कैसे ज्ञात किया जाता है?
उत्तर: अनियमित आकार की वस्तु का आयतन विस्थापन विधि द्वारा ज्ञात किया जाता है। इसके लिए मापक सिलिंडर में जल का प्रारंभिक आयतन मापा जाता है, फिर वस्तु को उसमें डाला जाता है और अंतिम आयतन पढ़ा जाता है। दोनों आयतनों का अंतर ही उस वस्तु का आयतन होता है।
7. बर्फ जल पर क्यों तैरती है?
उत्तर: बर्फ का घनत्व जल की अपेक्षा कम होता है क्योंकि जमने पर जल के कण अधिक दूरी पर व्यवस्थित हो जाते हैं और आयतन बढ़ जाता है। 4°C पर जल का घनत्व अधिकतम होता है, परंतु 0°C पर बर्फ बनने पर उसका घनत्व घट जाता है। इसी कारण बर्फ जल की सतह पर तैरती है।
8. द्रव्यमान और भार में क्या अंतर है?
उत्तर: द्रव्यमान किसी वस्तु में उपस्थित पदार्थ की मात्रा है और इसका मात्रक किलोग्राम या ग्राम होता है। भार वह बल है जिससे पृथ्वी किसी वस्तु को अपनी ओर आकर्षित करती है और इसका मात्रक न्यूटन है। द्रव्यमान स्थिर रहता है, जबकि भार स्थान के अनुसार बदल सकता है।
9. तापमान और दाब का घनत्व पर क्या प्रभाव पड़ता है?
उत्तर: तापमान बढ़ने पर पदार्थ के कण दूर-दूर हो जाते हैं जिससे आयतन बढ़ता है और घनत्व घटता है। दाब बढ़ाने पर विशेषकर गैसों में कण पास आ जाते हैं जिससे आयतन घटता है और घनत्व बढ़ता है। ठोस और द्रव पदार्थों पर दाब का प्रभाव अपेक्षाकृत कम होता है।
10. असीमा चटर्जी के विज्ञान क्षेत्र में योगदान का वर्णन कीजिए।
उत्तर: असीमा चटर्जी एक प्रसिद्ध भारतीय वैज्ञानिक थीं जिन्होंने औषधीय पौधों पर महत्वपूर्ण शोध किया। उन्होंने मलेरिया-रोधी और अपस्मार-रोधी औषधियों के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उन्हें विज्ञान के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए अनेक पुरस्कारों से सम्मानित किया गया और वे भारतीय विज्ञान जगत की प्रेरणास्रोत बनीं।

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