( Short Questions )
1. ऊतक (Tissue) क्या है?
उत्तर: समान संरचना वाली कोशिकाओं का समूह, जो मिलकर एक विशेष कार्य करता है, ऊतक कहलाता है।
2. बहुकोशिकीय जीवों में ऊतकों का क्या महत्व है?
उत्तर: ऊतक श्रम विभाजन द्वारा शरीर की कार्यक्षमता बढ़ाते हैं।
3. एक से अधिक ऊतक मिलकर क्या बनाते हैं?
उत्तर: अंग (Organ) बनाते हैं।
4. अंग मिलकर क्या बनाते हैं?
उत्तर: अंग तंत्र (Organ System) बनाते हैं।
5. पादप और जंतु ऊतकों में अंतर क्यों होता है?
उत्तर: क्योंकि दोनों की संरचना, जीवन-शैली और कार्य अलग-अलग होते हैं।
6. पादपों को दृढ़ता किससे मिलती है?
उत्तर: कोशिका भित्ति (Cell Wall) से।
7. जंतु कोशिकाएँ अपना आकार आसानी से क्यों बदल सकती हैं?
उत्तर: क्योंकि उनमें कोशिका भित्ति नहीं होती।
8. जाइलम (दारु) का मुख्य कार्य क्या है?
उत्तर: जल और खनिजों का परिवहन करना।
9. फ्लोएम (पोषवाह) का मुख्य कार्य क्या है?
उत्तर: भोजन का परिवहन करना।
10. विभज्योतक (Meristematic Tissue) कहाँ पाया जाता है?
उत्तर: पौधों के वृद्धि वाले भागों में।
11. शीर्षस्थ विभज्योतक का क्या कार्य है?
उत्तर: पौधे की लंबाई बढ़ाना।
12. पार्श्व विभज्योतक का क्या कार्य है?
उत्तर: पौधे की मोटाई (परिधि) बढ़ाना।
13. अंतर्वेशी विभज्योतक कहाँ पाया जाता है?
उत्तर: पत्तियों के आधार और पर्व (Node) के पास।
14. स्थायी ऊतक कैसे बनते हैं?
उत्तर: विभज्योतक कोशिकाओं के विभाजन बंद होने पर वे स्थायी ऊतक बन जाती हैं।
15. अमीबा किस प्रकार का जीव है?
उत्तर: एककोशिकीय जीव।
( Long Questions )
1. ऊतक (Tissue) क्या है? बहुकोशिकीय जीवों में इसका क्या महत्व है?
उत्तर: ऊतक समान संरचना तथा समान कार्य करने वाली कोशिकाओं का समूह होता है। बहुकोशिकीय जीवों में अलग-अलग ऊतक अलग-अलग कार्य करते हैं। इस कार्य-विभाजन के कारण शरीर के सभी कार्य अधिक व्यवस्थित और कुशलता से होते हैं। यही कारण है कि ऊतक जीवों की वृद्धि, विकास और विभिन्न अंगों के सुचारु कार्य में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
2. विभज्योतक ऊतक (Meristematic Tissue) क्या है? इसके प्रकार लिखिए।
उत्तर: विभज्योतक ऊतक ऐसी जीवित कोशिकाओं से बना होता है जो लगातार विभाजित होती रहती हैं। यह पौधों की वृद्धि के लिए उत्तरदायी होता है।
इसके मुख्य प्रकार हैं—
- शीर्षस्थ विभज्योतक – पौधे की लंबाई बढ़ाता है।
- अंतर्वेशी विभज्योतक – पर्व (Node) तथा पत्तियों के आधार पर पाया जाता है और वृद्धि में सहायता करता है।
- पार्श्व विभज्योतक – पौधे की मोटाई या परिधि बढ़ाता है।
3. स्थायी ऊतक (Permanent Tissue) क्या है? समझाइए।
उत्तर: जब विभज्योतक कोशिकाएँ विभाजन करना बंद कर देती हैं और एक निश्चित कार्य करने के लिए विशेष रूप से विकसित हो जाती हैं, तब वे स्थायी ऊतक कहलाती हैं। ये ऊतक पौधे को सहारा देने, भोजन बनाने, संग्रह करने तथा अन्य आवश्यक कार्यों में सहायता करते हैं।
4. सरल स्थायी ऊतकों का वर्णन कीजिए।
उत्तर: सरल स्थायी ऊतक एक ही प्रकार की कोशिकाओं से बने होते हैं।
इनके प्रमुख प्रकार हैं—
- पैरेन्काइमा – भोजन एवं जल का संग्रह करता है।
- कोलेन्काइमा – पौधे को लचीलापन और सहारा देता है।
- स्क्लेरेंकाइमा – पौधे को मजबूती और कठोरता प्रदान करता है।
5. जाइलम (दारु) और फ्लोएम (पोषवाह) में अंतर लिखिए।
उत्तर:
| जाइलम (दारु) | फ्लोएम (पोषवाह) |
|---|---|
| जल एवं खनिजों का परिवहन करता है। | भोजन का परिवहन करता है। |
| मुख्यतः जड़ों से ऊपर की ओर पदार्थ पहुँचाता है। | भोजन को पौधे के विभिन्न भागों तक पहुँचाता है। |
| यह संवहन ऊतक का भाग है। | यह भी संवहन ऊतक का भाग है। |
6. संवहन ऊतक (Vascular Tissue) क्या है? इसका महत्व लिखिए।
उत्तर: संवहन ऊतक पौधों में पदार्थों के परिवहन का कार्य करता है। इसमें जाइलम और फ्लोएम दोनों शामिल होते हैं। जाइलम जल एवं खनिजों का परिवहन करता है, जबकि फ्लोएम पत्तियों में बने भोजन को पौधे के अन्य भागों तक पहुँचाता है। इनके बिना पौधे का विकास संभव नहीं है।
7. पादप ऊतकों और जंतु ऊतकों में अंतर लिखिए।
उत्तर: पादप ऊतकों में कोशिका भित्ति होती है, जबकि जंतु ऊतकों में कोशिका भित्ति नहीं होती। पौधों में वृद्धि मुख्यतः विभज्योतक ऊतकों द्वारा होती है, जबकि जंतुओं में वृद्धि पूरे शरीर में होती है। जंतु ऊतक गति, सुरक्षा और समन्वय जैसे कार्य करते हैं, जबकि पादप ऊतक मुख्य रूप से सहारा, वृद्धि और परिवहन का कार्य करते हैं।
8. श्रम विभाजन (Division of Labour) से क्या तात्पर्य है? इसका क्या लाभ है?
उत्तर: जब शरीर के अलग-अलग ऊतक और अंग अलग-अलग कार्य करते हैं, तो इसे श्रम विभाजन कहते हैं। इससे प्रत्येक ऊतक अपना कार्य अधिक दक्षता से करता है। परिणामस्वरूप शरीर के सभी कार्य व्यवस्थित ढंग से होते हैं और जीव की कार्यक्षमता बढ़ जाती है।
9. एककोशिकीय और बहुकोशिकीय जीवों में क्या अंतर है?
उत्तर: एककोशिकीय जीव केवल एक कोशिका से बने होते हैं और वही कोशिका सभी जीवन क्रियाएँ करती है। उदाहरण के रूप में अमीबा। बहुकोशिकीय जीव अनेक कोशिकाओं से बने होते हैं। इनमें समान कार्य करने वाली कोशिकाएँ मिलकर ऊतक बनाती हैं और विभिन्न ऊतक मिलकर अंग तथा अंग तंत्र का निर्माण करते हैं।
10. पौधों में विभज्योतक ऊतकों का महत्व समझाइए।
उत्तर: विभज्योतक ऊतक पौधों की वृद्धि के लिए आवश्यक होते हैं। शीर्षस्थ विभज्योतक पौधे की लंबाई बढ़ाता है, पार्श्व विभज्योतक मोटाई बढ़ाता है तथा अंतर्वेशी विभज्योतक विशेष भागों की वृद्धि में सहायता करता है। इन ऊतकों की लगातार कोशिका-विभाजन की क्षमता के कारण पौधे जीवनभर बढ़ते रहते हैं।

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