( Short Questions )
1. प्रश्न: द्रव्यमान संरक्षण का नियम किसने प्रतिपादित किया था?
उत्तर: द्रव्यमान संरक्षण का नियम वर्ष 1789 में आन्तवॉ लवाइजिए ने प्रतिपादित किया।
2. प्रश्न: द्रव्यमान संरक्षण के नियम के अनुसार रासायनिक अभिक्रिया में क्या होता है?
उत्तर: रासायनिक अभिक्रिया में कुल द्रव्यमान सदैव समान रहता है। द्रव्य का न तो सृजन होता है और न ही विनाश।
3. प्रश्न: भौतिक परिवर्तन में द्रव्यमान पर क्या प्रभाव पड़ता है?
उत्तर: भौतिक परिवर्तन में द्रव्यमान में कोई परिवर्तन नहीं होता।
4. प्रश्न: सिरका और बेकिंग सोडा की अभिक्रिया में कौन-सी गैस बनती है?
उत्तर: कार्बन डाइऑक्साइड गैस बनती है।
5. प्रश्न: स्थिर अनुपात का नियम किस वैज्ञानिक ने दिया?
उत्तर: जोसेफ प्राउस्ट ने।
6. प्रश्न: जल में हाइड्रोजन और ऑक्सीजन का द्रव्यमान अनुपात कितना होता है?
उत्तर: 1 : 8
7. प्रश्न: डॉल्टन के अनुसार पदार्थ किससे मिलकर बना है?
उत्तर: पदार्थ अत्यन्त सूक्ष्म कणों अर्थात् परमाणुओं से मिलकर बना है।
8. प्रश्न: डॉल्टन के अनुसार परमाणु का रासायनिक अभिक्रिया में क्या होता है?
उत्तर: परमाणु न तो उत्पन्न होते हैं और न ही नष्ट होते हैं, केवल पुनर्व्यवस्थित होते हैं।
9. प्रश्न: अणु किसे कहते हैं?
उत्तर: दो या दो से अधिक परमाणुओं से बना वह विद्युत उदासीन कण जो स्वतंत्र रूप से अस्तित्व में रह सकता है, अणु कहलाता है।
10. प्रश्न: सहसंयोजी आबंध कैसे बनता है?
उत्तर: इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी द्वारा सहसंयोजी आबंध बनता है।
11. प्रश्न: ऑक्सीजन अणु में किस प्रकार का आबंध होता है?
उत्तर: द्वि-आबंध (Double Bond) होता है।
12. प्रश्न: जल का रासायनिक सूत्र क्या है?
उत्तर: H₂O
13. प्रश्न: आयनिक आबंध कैसे बनता है?
उत्तर: इलेक्ट्रॉन के स्थानांतरण के बाद विपरीत आवेश वाले आयनों के बीच आकर्षण से आयनिक आबंध बनता है।
14. प्रश्न: सोडियम इलेक्ट्रॉन त्यागकर कौन-सा आयन बनाता है?
उत्तर: सोडियम धनायन (Na⁺)
15. प्रश्न: क्लोरीन इलेक्ट्रॉन ग्रहण करके कौन-सा आयन बनाती है?
उत्तर: क्लोराइड ऋणायन (Cl⁻)
( Long Questions )
1. प्रश्न: द्रव्यमान संरक्षण के नियम की व्याख्या कीजिए।
उत्तर:
द्रव्यमान संरक्षण का नियम आन्तवॉ लवाइजिए द्वारा प्रतिपादित किया गया। इस नियम के अनुसार किसी भी रासायनिक अभिक्रिया में कुल द्रव्यमान सदैव समान रहता है। अभिक्रिया के पहले अभिकारकों का कुल द्रव्यमान और अभिक्रिया के बाद उत्पादों का कुल द्रव्यमान बराबर होता है। इसका अर्थ है कि रासायनिक अभिक्रिया में द्रव्य का न तो सृजन किया जा सकता है और न ही उसका विनाश किया जा सकता है। परमाणु केवल पुनर्व्यवस्थित होते हैं।
2. प्रश्न: भौतिक परिवर्तन तथा रासायनिक परिवर्तन में द्रव्यमान के संरक्षण को प्रयोग द्वारा समझाइए।
उत्तर:
भौतिक परिवर्तन के प्रयोग में जल में नमक मिलाया गया। नमक घुलने के बाद भी कुल द्रव्यमान जल और नमक के द्रव्यमानों के योग के बराबर रहा।
रासायनिक परिवर्तन के प्रयोग में सिरका और बेकिंग सोडा की अभिक्रिया कराई गई। यदि अभिक्रिया बंद पात्र में की गई, तो प्रारंभिक और अंतिम द्रव्यमान समान रहा क्योंकि उत्पन्न कार्बन डाइऑक्साइड गैस बाहर नहीं निकली। इससे सिद्ध हुआ कि रासायनिक अभिक्रिया में भी कुल द्रव्यमान सुरक्षित रहता है।
3. प्रश्न: स्थिर अनुपात का नियम क्या है? जल के उदाहरण द्वारा समझाइए।
उत्तर:
स्थिर अनुपात का नियम जोसेफ प्राउस्ट ने दिया। इस नियम के अनुसार किसी भी यौगिक में उपस्थित तत्व सदैव निश्चित द्रव्यमान अनुपात में पाए जाते हैं, चाहे वह यौगिक किसी भी स्रोत से प्राप्त किया गया हो।
उदाहरण के लिए जल में हाइड्रोजन और ऑक्सीजन का द्रव्यमान अनुपात सदैव 1 : 8 होता है। यदि 9 ग्राम जल का अपघटन किया जाए, तो उसमें से 1 ग्राम हाइड्रोजन और 8 ग्राम ऑक्सीजन प्राप्त होगी।
4. प्रश्न: डॉल्टन के परमाणु सिद्धांत के मुख्य अभिगृहीत लिखिए।
उत्तर:
डॉल्टन के अनुसार—
- समस्त पदार्थ परमाणुओं से मिलकर बने हैं।
- परमाणु अविभाज्य होते हैं।
- परमाणु न तो उत्पन्न किए जा सकते हैं और न ही नष्ट किए जा सकते हैं।
- एक ही तत्व के सभी परमाणुओं का द्रव्यमान एवं रासायनिक गुण समान होते हैं।
- विभिन्न तत्वों के परमाणुओं के गुण अलग-अलग होते हैं।
- परमाणु सरल पूर्णांक अनुपात में मिलकर यौगिक बनाते हैं।
- किसी यौगिक में परमाणुओं की संख्या और प्रकार निश्चित होते हैं।
5. प्रश्न: अणु क्या है? उदाहरण सहित समझाइए।
उत्तर:
अणु वह विद्युत उदासीन कण है जो एक या एक से अधिक परमाणुओं से मिलकर बनता है तथा स्वतंत्र रूप से अस्तित्व में रह सकता है।
उदाहरण—
- हाइड्रोजन (H₂) में दो हाइड्रोजन परमाणु होते हैं।
- क्लोरीन (Cl₂) में दो क्लोरीन परमाणु होते हैं।
- जल (H₂O) में दो हाइड्रोजन और एक ऑक्सीजन परमाणु होता है।
6. प्रश्न: सहसंयोजी आबंध का निर्माण कैसे होता है? उदाहरण सहित समझाइए।
उत्तर:
जब दो परमाणु अपने संयोजकता इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी करते हैं, तब सहसंयोजी आबंध बनता है।
उदाहरण—
- हाइड्रोजन के दो परमाणु एक-एक इलेक्ट्रॉन साझा करके H₂ बनाते हैं।
- क्लोरीन के दो परमाणु एक-एक इलेक्ट्रॉन साझा करके Cl₂ बनाते हैं।
- ऑक्सीजन के दो परमाणु दो-दो इलेक्ट्रॉन साझा करके O₂ बनाते हैं।
इलेक्ट्रॉनों की यह साझेदारी दोनों परमाणुओं को स्थिर इलेक्ट्रॉनिक विन्यास प्रदान करती है।
7. प्रश्न: जल (H₂O) के अणु का निर्माण कैसे होता है?
उत्तर:
ऑक्सीजन के संयोजकता कोश में छह इलेक्ट्रॉन होते हैं तथा उसे अपना अष्टक पूरा करने के लिए दो इलेक्ट्रॉनों की आवश्यकता होती है। प्रत्येक हाइड्रोजन परमाणु को अपना द्विक पूरा करने के लिए एक इलेक्ट्रॉन चाहिए। इसलिए दो हाइड्रोजन परमाणु अपने-अपने एक-एक इलेक्ट्रॉन ऑक्सीजन के साथ साझा करते हैं। इस प्रकार दो सहसंयोजी आबंध बनते हैं और जल का अणु (H₂O) बनता है।
8. प्रश्न: आयनिक आबंध क्या है? सोडियम क्लोराइड के उदाहरण से समझाइए।
उत्तर:
जब एक परमाणु इलेक्ट्रॉन त्यागता है और दूसरा परमाणु उसे ग्रहण करता है, तब धनायन और ऋणायन बनते हैं। इनके बीच विद्युत आकर्षण बल उत्पन्न होता है जिसे आयनिक आबंध कहते हैं।
सोडियम अपना एक इलेक्ट्रॉन त्यागकर Na⁺ बनाता है। क्लोरीन वही इलेक्ट्रॉन ग्रहण करके Cl⁻ बनाती है। विपरीत आवेशों के आकर्षण से दोनों मिलकर NaCl बनाते हैं।
9. प्रश्न: सहसंयोजी और आयनिक आबंध में अंतर लिखिए।
उत्तर:
| सहसंयोजी आबंध | आयनिक आबंध |
|---|---|
| इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी से बनता है। | इलेक्ट्रॉनों के स्थानांतरण से बनता है। |
| परमाणुओं के बीच बनता है। | धनायन और ऋणायन के बीच बनता है। |
| उदाहरण – H₂, Cl₂, H₂O | उदाहरण – NaCl |
10. प्रश्न: सोडियम क्लोराइड में आयनों का निर्माण कैसे होता है?
उत्तर:
सोडियम के बाह्यतम कोश में एक इलेक्ट्रॉन होता है। वह इस इलेक्ट्रॉन का त्याग करके Na⁺ धनायन बनाता है। क्लोरीन के बाह्यतम कोश में सात इलेक्ट्रॉन होते हैं। वह एक इलेक्ट्रॉन ग्रहण करके Cl⁻ ऋणायन बनाती है। विपरीत आवेश वाले ये दोनों आयन परस्पर आकर्षित होकर आयनिक आबंध बनाते हैं तथा सोडियम क्लोराइड (NaCl) का निर्माण करते हैं।

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