लेखक
- संकलित (लेखक का नाम नहीं दिया गया)
उद्देश्य
- पुलिस के प्रति मित्रता की भावना जगाना और उनकी कार्यप्रणाली में सहयोग करने की भावना विकसित करना।
- तत्सम, तद्भव और विदेशी शब्दों का ज्ञान देना।
कहानी का सार
यह पाठ एक संवाद के माध्यम से पुलिस के प्रति बच्चों के मन में डर को दूर करता है और पुलिस की कार्यप्रणाली को समझाता है। जीतू और मानवी अपने दादाजी से रामू के काकाजी को पुलिस द्वारा ले जाए जाने के बारे में सवाल पूछते हैं। दादाजी उन्हें बताते हैं कि पुलिस हमारी रक्षा के लिए होती है, न कि डराने के लिए। वे पुलिस की जिम्मेदारियों, गिरफ्तारी की प्रक्रिया, मानवाधिकार, और नागरिकों के कर्तव्यों के बारे में समझाते हैं। अंत में, रामू के काकाजी बताते हैं कि पुलिस ने केवल पूछताछ के लिए उन्हें बुलाया था, जिससे सभी का डर खत्म होता है और उनके चेहरे खिल उठते हैं।
कहानी के मुख्य बिंदु
1. जीतू और मानवी का डर:
- जीतू और मानवी पड़ोस में पुलिस को देखकर डर जाते हैं, क्योंकि पुलिस रामू के काकाजी को ले जा रही थी।
- जीतू को लगता है कि पुलिस काकाजी को मारेगी या जेल में डाल देगी।
2.दादाजी की समझाइश:
- दादाजी बच्चों को समझाते हैं कि पुलिस हमारी रक्षा के लिए होती है, न कि डराने के लिए।
- पुलिस का उद्देश्य मारपीट या जेल में डालना नहीं, बल्कि अपराध की जाँच-पड़ताल करना और दोषियों को पकड़ना है।
- पुलिस किसी को तभी गिरफ्तार करती है, जब प्रथम दृष्ट्या कोई आरोप बनता हो।
3.पुलिस की कार्यप्रणाली:
- पूछताछ: पुलिस को अपराध की जाँच के लिए लोगों से पूछताछ करनी पड़ती है। यह जरूरी नहीं कि हर बार गिरफ्तारी हो।
- गिरफ्तारी: गिरफ्तारी के बाद पुलिस व्यक्ति को 24 घंटे के भीतर मजिस्ट्रेट के सामने पेश करती है। मजिस्ट्रेट उसे जेल भेज सकता है, पुलिस हिरासत में रख सकता है, या जमानत पर छोड़ सकता है।
- मानवाधिकार: किसी के साथ मारपीट, जुल्म, यातना या अपमानजनक व्यवहार करना गैरकानूनी है। हर व्यक्ति को मानवाधिकार प्राप्त हैं।
- हथकड़ी: हथकड़ी तभी लगाई जाती है, जब पुलिस को लगता है कि व्यक्ति भाग सकता है या खतरनाक है। बिना कारण हथकड़ी लगाना गैरकानूनी है।
- महिलाओं के साथ पूछताछ: महिलाओं से पूछताछ के लिए महिला पुलिस की उपस्थिति जरूरी है। विशेष परिस्थितियों में सूर्यास्त के बाद गिरफ्तारी के दौरान परिवार का कोई सदस्य मौजूद होना चाहिए।
- महिला अपराधियों की गिरफ्तारी: यदि कोई महिला अपराधी है, तो उसे सूर्यास्त से पहले मजिस्ट्रेट के सामने पेश करना होता है। विशेष परिस्थितियों में परिवारजन की उपस्थिति जरूरी है।
4.नागरिकों के कर्तव्य:
- पुलिस का सहयोग करना, जैसे सामाजिक शांति, सांप्रदायिक सद्भावना, और राष्ट्रीय हित से संबंधित सूचनाएँ देना।
- सड़क दुर्घटना में घायलों को अस्पताल पहुँचाना और पुलिस को सूचित करना।
- राष्ट्रीय संपत्ति और ध्वज की सुरक्षा करना।
- अनुसंधान में सही गवाही देना।
- कानून और संविधान का पालन करना।
5.रामू के काकाजी का अनुभव:
- रामू के काकाजी बताते हैं कि पुलिस ने केवल पूछताछ के लिए उन्हें बुलाया था। वे भविष्य में भी पुलिस की सहायता करेंगे।
- इससे बच्चों का डर खत्म होता है, और सभी के चेहरे खिल उठते हैं।
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