1. विश्व के मानचित्र की रूपरेखा पर उन संभावित मार्गों का अंकन कीजिए जिनका उपयोग इस अध्याय में उल्लिखित समुदायों ने भारत पहुँचने के लिए किया। यह भी बताइए कि उन्हें किन-किन भौतिक एवं भौगोलिक परिस्थितियों का सामना करना पड़ा होगा।
उत्तर: भारत आने वाले समुदायों ने मुख्यतः समुद्री और स्थल मार्गों का उपयोग किया।
पारसी लोग फारस (वर्तमान ईरान) से समुद्री मार्ग द्वारा भारत आए।
यहूदी समुदाय भी समुद्री मार्ग से भारत पहुँचा।
इन यात्राओं में उन्हें समुद्र, तेज हवाओं, तूफानों और लंबी दूरी जैसी भौगोलिक परिस्थितियों का सामना करना पड़ा होगा।
पाठ में यहूदी यात्रियों के जहाज के तूफान में फँसने का भी उल्लेख है।
2. भारतीय संस्कृति के वे कौन-से प्रमुख अंतर्निहित मूल्य हैं जो विभिन्न पृष्ठभूमियों से आने वाले लोगों का स्वागत करने में सहायक रहे हैं?
उत्तर:भारतीय संस्कृति के प्रमुख मूल्य हैं—
‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ — पूरा विश्व एक परिवार है।
‘अतिथि देवो भव’ — अतिथि को देवता के समान मानना।
‘सर्वे भवन्तु सुखिनः’ — सभी के सुख की कामना करना।
इन मूल्यों के कारण अलग-अलग समुदायों को भारत में सुरक्षित अनुभव हुआ और वे अपनी परंपराओं को बनाए रख सके।
3. होमी भाभा, सैम मानेकशॉ, रतन टाटा, फली नरीमन, नानी पालकीवाला और कॉर्नेलिया सोराबजी आदि पारसी समुदाय के ऐसे कुछ व्यक्तित्व हैं, जिन्होंने अपने-अपने क्षेत्रों में उत्कृष्ट उपलब्धियाँ प्राप्त कीं। अन्य समुदायों के ऐसे व्यक्तियों के विषय में सूचना एकत्रित कीजिए जिन्होंने भारत को अपना घर बनाया और महत्त्वपूर्ण योगदान दिया।
उत्तर: पाठ में अन्य समुदायों से जुड़े उदाहरण हैं—
हीराबाई लोबी — सिद्दी समुदाय की थीं और उन्होंने महिलाओं के उत्थान के लिए कार्य किया। उन्होंने महिलाओं को बैंकिंग सेवाओं से जोड़ा तथा जैविक कृषि और आजीविका के विकल्पों के बारे में शिक्षित किया।
महाराजा दिग्विजयसिंहजी रणजीतसिंहजी जडेजा — उन्होंने द्वितीय विश्व युद्ध के समय पोलैंड से आए अनाथ बच्चों को भारत में सुरक्षित आश्रय दिया।
4. एक कक्षा-परियोजना बनाइए। कक्षा के विद्यार्थियों को समूहों में विभाजित कीजिए। प्रत्येक समूह इस अध्याय में उल्लिखित किसी एक समुदाय के विषय में और अधिक सूचना एकत्रित कर एक लघु परियोजना तैयार करेगा। एकत्र की गई सूचनाओं को नाटक, पोस्टर, गीत, चित्रांकन आदि के माध्यम से सहपाठियों के साथ साझा कीजिए।
उत्तर: परियोजना विषय — पारसी समुदाय
पारसी लोग धार्मिक उत्पीड़न से बचने के लिए भारत आए।
उन्होंने अपनी प्राचीन परंपराओं को भारतीय संस्कृति के साथ जोड़ा।
आज भी पारसी समुदाय भारत के समाज को समृद्ध कर रहा है।
परियोजना को पोस्टर और चित्रों के माध्यम से कक्षा में प्रस्तुत किया जा सकता है।

Leave a Reply